झाबुआ डीजे साउंड एसोसिएशन ने शुक्रवार को एसपी ऑफिस पहुंचकर एडिशनल एसपी से शासन की गाइडलाइन अनुसार डीजे बजाने की परमिशन देने का अनुरोध किया है। एएसपी पीएल कुर्वे को सौंपे ज्ञापन में डीजे संगठन ने कहा कि शासन ने जो नियम निर्धारित किए गए हैं, उनका पालन करते हुए कम साउंड में डीजे बजाएंगे। डीजे संगठन के लोगों का कहना है कि ने रतलाम उज्जैन में राजनेताओं की रैली में डीजे बजाए जा रहे हैं, इसलिए झाबुआ में भी डीजे बजाने की अनुमति दी जाए। डीजे संचालकों ने गुहार लगाई है कि झाबुआ जिले में शादी का सीजन आ रहा है, बिना डीजे के शादी में फीकी रहेगी, ऐसे में डीजे बैंड बजाने की अनुमति दी जाए।

राजनेताओं की रैलियों में डीजे तो हम पर रोक क्यों ।
डीजे साउंड सिस्टम संचालक को का कहना है कि शासन के निर्देश के बाद उनके सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। उनके सामने परिवार के भरण पोषण की समस्या तो है ही इसके साथ ही जो उन्होंने कर्ज लेकर साउंड सिस्टम खरीदा है, उसकी किश्ते चुकाने में समस्या आएगी। एक अनुमान के मुताबिक जिले भर में 2000 के करीब डीजे संचालक हैं।
एडिशनल एसपी पीएल कुर्वे ने डीजे संचालकों को दो टूक कहा कि सुप्रीम कोर्ट की गाइड लाइन और शासन के निर्देशों का पालन करना होगा। अगर इसमें किसी भी तरह की कोताही बरती गई तो पुलिस नियम अनुसार कार्रवाई करेगी। एडिशनल एसपी ने डीजे संचालकों को समझाईश देते हुए कहा की परीक्षा के दिनों में भी डीजे संचालक तेज आवाज में डीजे बजाते हैं, जिससे बच्चों की पढ़ाई पर बुरा प्रभाव पड़ता है। कई बार डीजे के दुष्प्रभाव भी लोगों की सेहत पर भी पढ़ते हैं, ऐसे में अपने रोजगार के साथ-साथ दूसरों के स्वास्थ्य और मानसिक सेहत का भी डीजे संचालकों को ध्यान रखना चाहिए।
वीडियो खबर देखने के लिए हमारे चैनल को सबस्क्राइब करें । और अधिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए WWW.jhabuapost.com । लोकल भी ग्लोबल भी ।