बनी (पेटलावद)। मध्य प्रदेश के झाबुआ जिले से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ बिजली विभाग की अनदेखी ने किसानों के अरमानों पर पानी फेर दिया। तहसील पेटलावद के ग्राम बनी में बिजली के टूटे तारों से निकली चिंगारी ने देखते ही देखते 6 बीघा में लहलहाती फसल को राख के ढेर में तब्दील कर दिया।

कुदरत के बाद अब सिस्टम की मार
पीड़ित किसान ईश्वरलाल शिवराम जी पाटीदार, पूंजी बाई ईश्वरलाल जी पाटीदार और कांजी बाबू जी पाटीदार के लिए यह साल मुसीबतों का पहाड़ लेकर आया है। ग्रामीणों के अनुसार, किसान पहले ही बेमौसम ओलावृष्टि की मार झेल रहे थे, और अब बिजली विभाग की लापरवाही ने उनकी रही-सही उम्मीदों को भी जलाकर भस्म कर दिया।
देखते ही देखते राख हुई दिन-रात की मेहनत
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि खेत के ऊपर से गुजर रहे बिजली के तार अचानक टूट कर गिर गए। चिंगारी उठते ही सूखे खेत ने आग पकड़ ली। जब तक ग्रामीण कुछ समझ पाते और आग बुझाने का प्रयास करते, तब तक आग ने विकराल रूप धारण कर लिया था।
- प्रभावित किसान: ईश्वरलाल, पूंजी बाई और कांजी बाबू पाटीदार।
- नुकसान का अनुमान: करीब 6 बीघा की तैयार फसल।
- प्रमुख कारण: जर्जर बिजली के तार और विभाग की लापरवाही।






