झाबुआ : झाबुआ एक बार फिर देवाधिदेव महादेव की भक्ति के रंग में रंगने को तैयार है। नगर के आस्था के केंद्र सिद्धेश्वर महादेव मंदिर पर हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी महाशिवरात्रि का पावन पर्व अपार श्रद्धा और धूमधाम के साथ मनाया जाएगा।
मंदिर समिति और उत्सव समिति द्वारा इस भव्य आयोजन की रूपरेखा तैयार कर ली गई है। 13 फरवरी से 16 फरवरी तक चलने वाले इस चार दिवसीय महोत्सव में शिव-पार्वती विवाह से लेकर विशाल भंडारे तक के विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान संपन्न होंगे।

देवों को निमंत्रण के साथ तैयारियों का शंखनाद
मंगलवार को सिद्धेश्वर महादेव मंदिर प्रांगण में एक भक्तिमय समारोह के दौरान शिवरात्रि महोत्सव के आमंत्रण पत्रक का विधिवत विमोचन किया गया। हमारी भारतीय संस्कृति और परंपरा का निर्वहन करते हुए, समिति के सदस्यों ने कार्यक्रम का पहला आमंत्रण विघ्नहर्ता भगवान गणेश, देवाधिदेव भोलेनाथ और संकटमोचन हनुमान जी महाराज के चरणों में अर्पित किया। पंडित गणेश प्रसाद उपाध्याय ने मंत्रोच्चार के साथ आमंत्रण पत्र देवों को भेंट करवाएं ।

इस अवसर पर मंदिर परिसर में सामूहिक हनुमान चालीसा का पाठ आयोजित किया गया। सुमधुर भजनों के साथ जब हनुमान चालीसा की चौपाइयां गूंजीं, तो पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। इस दौरान बड़ी संख्या में मातृशक्ति (महिलाएं) और भक्तजन मौजूद रहे, जिन्होंने भोलेनाथ के जयकारों से आसमान गुंजा दिया।
चार दिनों तक बहेगी भक्ति की बयार: देखें पूरा कार्यक्रम
शिवरात्रि महोत्सव के तहत 13 से 16 फरवरी तक प्रतिदिन विशेष आयोजन होंगे। भगवान शिव और माता पार्वती के विवाह उत्सव को एक लौकिक विवाह की तरह ही पूरे विधि-विधान और उत्साह के साथ मनाया जाएगा।
- 13 फरवरी (शुक्रवार) – गणेश पूजन व सुंदरकांड: महोत्सव का शुभारंभ गणेश पूजन के साथ होगा। इसी दिन शिव-पार्वती विवाह के निमित्त हल्दी और मेहंदी की रस्म (शगुन) अदा की जाएगी। रात्रि बेला में संगीतमय सुंदरकांड का पाठ होगा।
- 14 फरवरी (शनिवार) – माता पूजन व भजन संध्या: दूसरे दिन माता पूजन और मंडप का कार्यक्रम होगा। रात्रि में खाटू श्याम जी की भव्य भजन संध्या का आयोजन किया जाएगा, जिसमें श्याम प्रेमी भजनों का आनंद लेंगे।
- 15 फरवरी (रविवार) – महाशिवरात्रि व शिव बारात: महाशिवरात्रि के मुख्य पर्व पर नगर में भगवान शिव की शाही बारात धूमधाम से निकाली जाएगी। इसके पश्चात शुभ मुहूर्त में शिव-पार्वती का शुभ विवाह संपन्न होगा।
- 16 फरवरी (सोमवार) – महाप्रसादी: महोत्सव का समापन सोमवार को विशाल भंडारे और महाप्रसादी वितरण के साथ होगा।
भक्तों में भारी उत्साह
आयोजन को लेकर मंदिर समिति और कार्यक्रम समिति दिन-रात तैयारियों में जुटी हुई है। पत्रक विमोचन के दौरान दिखी भक्तों की भीड़ और विशेषकर महिलाओं की उपस्थिति यह बताने के लिए काफी है कि इस बार का शिवरात्रि महोत्सव ऐतिहासिक होने वाला है। समिति ने अधिक अधिक संख्या में कार्यक्रम भाग लेने और सहयोग करने की अपील की है ।






